स्वच्छता से जल संरक्षण तक: झगराखाण्ड में विकास और पर्यावरण का संगम
बबलू जायसवाल- झगराखाण्ड/मनेंद्रगढ़। विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर नगर पंचायत झगराखाण्ड ने पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छता और जल संवर्धन को लेकर एक सराहनीय अभियान चलाया। वार्ड क्रमांक 13 स्थित पोखरी तालाब परिसर में आयोजित विशेष स्वच्छता एवं श्रमदान कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, कर्मचारियों और नागरिकों ने मिलकर तालाब की साफ-सफाई की तथा पर्यावरण संरक्षण का सामूहिक संकल्प लिया।
मुख्य नगर पालिका अधिकारी श्री राजेन्द्र कुमार पात्रे के नेतृत्व में आयोजित इस अभियान में उप अभियंता श्री मुन्नराम राम रजवाड़े सहित नगर पंचायत के कर्मचारियों ने श्रमदान कर स्वच्छता का संदेश दिया। अभियान के दौरान तालाब परिसर से प्लास्टिक एवं अन्य कचरे को हटाकर जल स्रोतों को संरक्षित करने और स्वच्छ वातावरण बनाए रखने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की गई।
कार्यक्रम में पर्यावरण संरक्षण, वृक्षारोपण, प्लास्टिक मुक्त जीवनशैली और प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण की आवश्यकता पर विस्तार से चर्चा हुई। उपस्थित लोगों ने अधिक से अधिक पौधे लगाने, जल स्रोतों को संरक्षित रखने और स्वच्छता को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का संकल्प लिया।
इस अवसर पर मुख्य नगर पालिका अधिकारी श्री पात्रे ने नगर में जल संरक्षण एवं हरित विकास से जुड़ी कई महत्वाकांक्षी योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि वार्ड क्रमांक 13 स्थित पोखर क्षेत्र के समीप दो नए तालाबों के निर्माण का प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है। इसके अलावा वार्ड क्रमांक 11 में कृत्रिम झरना एवं लगभग पांच एकड़ क्षेत्र में तालाब निर्माण तथा वार्ड क्रमांक 12 में एक नए तालाब के निर्माण की योजना पर कार्य चल रहा है। इन परियोजनाओं के लिए विशेषज्ञों के माध्यम से विस्तृत प्लान तैयार कराया जा रहा है।
उन्होंने यह भी बताया कि वार्ड क्रमांक 13 स्थित उद्यान का जीर्णोद्धार कर उसका विस्तार लगभग तीन एकड़ क्षेत्र तक किया जाएगा, जिससे नगरवासियों को बेहतर हरित वातावरण और मनोरंजन की सुविधाएं उपलब्ध हो सकेंगी।
मुख्य नगर पालिका अधिकारी ने नागरिकों से सिंगल यूज प्लास्टिक का उपयोग बंद करने, घरेलू कचरे का पृथक्करण कर स्वच्छता कर्मियों को सौंपने तथा पर्यावरण संरक्षण के अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाने की अपील की। उन्होंने कहा कि पर्यावरण संरक्षण केवल एक दिवस तक सीमित नहीं होना चाहिए, बल्कि इसे जनआंदोलन बनाकर आने वाली पीढ़ियों के लिए सुरक्षित और स्वच्छ वातावरण तैयार करना होगा।
विश्व पर्यावरण दिवस पर आयोजित यह अभियान झगराखाण्ड में स्वच्छता, जल संरक्षण और हरित विकास के प्रति बढ़ती जागरूकता का प्रतीक बनकर उभरा। नगर पंचायत की आगामी योजनाएं क्षेत्र में पर्यावरणीय संतुलन और सतत विकास को नई दिशा देने वाली साबित होंगी।


